मेटाटार्सस एडक्टस क्या है?
नवजात शिशु के पैर की जांच के दौरान जब डॉक्टर कहते हैं कि पंजा अंदर की तरफ मुड़ा हुआ है, तो यह मेटाटार्सस एडक्टस हो सकता है — शिशुओं में देखी जाने वाली एक बेहद आम स्थिति। यह क्लबफुट जैसा दिखने के कारण अक्सर माता-पिता को भ्रमित और चिंतित कर देता है, जबकि असल में यह ज्यादातर मामलों में एक हल्की और अपने आप ठीक होने वाली स्थिति है।
मेटाटार्सस एडक्टस क्या है?
मेटाटार्सस एडक्टस एक ऐसी स्थिति है जिसमें पैर का अगला हिस्सा (forefoot) अंदर की तरफ मुड़ा होता है, जबकि एड़ी और टखना सामान्य स्थिति में रहते हैं। इससे पैर की बनावट कुछ हद तक "C" आकार या किडनी बीन जैसी दिखती है। यह जन्म के समय मौजूद सबसे आम पैर की विकृतियों में से एक है, और माना जाता है कि यह गर्भ में बच्चे की स्थिति (crowding/positioning) से जुड़ा होता है।
क्लबफुट से यह कैसे अलग है?
यह अंतर समझना बहुत जरूरी है, क्योंकि दोनों स्थितियां देखने में मिलती-जुलती लग सकती हैं:
- मेटाटार्सस एडक्टस में सिर्फ पैर का अगला हिस्सा मुड़ा होता है — एड़ी और टखना सामान्य रहते हैं
- क्लबफुट में पूरा पैर प्रभावित होता है — एड़ी भी अंदर की तरफ मुड़ी और नीचे की ओर झुकी होती है, और यह ज्यादा रिजिड (कड़ा) होता है
मेटाटार्सस एडक्टस, क्लबफुट की तुलना में हल्की और आमतौर पर कम गंभीर स्थिति मानी जाती है।
गंभीरता के अनुसार वर्गीकरण
डॉक्टर मेटाटार्सस एडक्टस को मुड़ाव की मात्रा और यह कितना फ्लेक्सिबल (लचीला) है, इसके आधार पर बांटते हैं:
हल्का (Mild) — पैर आसानी से हाथ से सीधा किया जा सकता है और अपने आप सीधी स्थिति में वापस आ जाता है।
मध्यम (Moderate) — पैर को हाथ से बीच की स्थिति तक लाया जा सकता है, पूरी तरह सीधा नहीं।
गंभीर (Severe) — पैर रिजिड होता है, हाथ से सीधा करना मुश्किल या असंभव होता है।
हल्के और मध्यम मामलों में क्या करें?
अच्छी खबर यह है कि ज्यादातर हल्के और मध्यम मामले 3 से 4 साल की उम्र तक अपने आप ठीक हो जाते हैं — बिना किसी सक्रिय इलाज के, सिर्फ नियमित निगरानी की जरूरत होती है। कभी-कभी डॉक्टर सुधार में मदद के लिए विशेष जूते या ऑर्थोसिस की सलाह दे सकते हैं।
स्ट्रेचिंग एक्सरसाइज़ को लेकर राय बंटी हुई है — कुछ विशेषज्ञ हल्की स्ट्रेचिंग की सलाह देते हैं, जबकि कुछ मानते हैं कि गलत तरीके से की गई स्ट्रेचिंग फायदे की बजाय नुकसान पहुंचा सकती है। इसलिए घर पर खुद से स्ट्रेचिंग शुरू करने से पहले डॉक्टर से सही तरीका जरूर सीखें।
गंभीर मामलों में इलाज
अगर पैर रिजिड हो और हाथ से आसानी से सीधा न हो, तो इलाज की जरूरत पड़ सकती है:
- मैनिपुलेशन और सीरियल कास्टिंग — यह सबसे कारगर तरीका है, और आदर्श रूप से बच्चे के 8 महीने का होने से पहले शुरू किया जाना चाहिए
- ज्यादातर पैर 6-8 हफ्तों में ठीक हो जाते हैं
- कास्टिंग या ब्रेसिंग आमतौर पर 6 महीने से 1 साल की उम्र के बीच सबसे असरदार होती है
क्या सर्जरी की जरूरत पड़ती है?
सर्जरी बहुत ही कम बच्चों में जरूरी होती है। यह सिर्फ तब सोची जाती है जब बच्चा 4 साल या उससे बड़ा हो और विकृति गंभीर व लगातार बनी रहे, बावजूद इसके कि पहले सही इलाज दिया जा चुका हो।
माता-पिता के लिए सीधी सलाह
अगर आपके नवजात शिशु के पैर का अगला हिस्सा अंदर की तरफ मुड़ा दिख रहा है, तो घबराने की जरूरत नहीं — यह एक बहुत आम और ज्यादातर मामलों में हल्की स्थिति है। फिर भी, एक बार पीडियाट्रिक ऑर्थोपेडिक डॉक्टर को जरूर दिखाएं ताकि यह पुष्टि हो सके कि यह मेटाटार्सस एडक्टस ही है (न कि क्लबफुट), और सही गंभीरता के अनुसार सही सलाह मिल सके। अगर हल्के मामले में हो, तो सिर्फ निगरानी काफी है; अगर गंभीर हो, तो जल्दी शुरू किया गया इलाज सबसे अच्छे परिणाम देता है।
यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है और किसी डॉक्टरी सलाह का विकल्प नहीं है। अपने बच्चे के पैर की बनावट को लेकर किसी भी चिंता के लिए कृपया योग्य ऑर्थोपेडिक विशेषज्ञ से संपर्क करें।
Dr. Gaurav Jain Associate Professor of Orthopaedics, LNCT Medical College & Sewakunj Hospital, Indore Director, GDP Care Pediatric Orthopaedics & Clubfoot Specialist (Ponseti Technique) drgauravjain.com | contact@drgauravjain.com
Dr. Gaurav Jain