मिथक बनाम तथ्य: क्या ग्लूकोसामिन-कॉन्ड्रोइटिन सप्लीमेंट बच्चों की हड्डियों के लिए फायदेमंद हैं?
मिथक बनाम तथ्य: क्या ग्लूकोसामिन-कॉन्ड्रोइटिन सप्लीमेंट बच्चों की हड्डियों के लिए फायदेमंद हैं?
मेडिकल स्टोर की शेल्फ पर या ऑनलाइन विज्ञापनों में "जोड़ों की मज़बूती" और "हड्डी की सेहत" के नाम पर बिकने वाले ग्लूकोसामिन-कॉन्ड्रोइटिन सप्लीमेंट अक्सर नज़र आते हैं। जब बच्चे को जोड़ों में दर्द या टांगों में दर्द की शिकायत होती है, तो कई माता-पिता इन्हीं सप्लीमेंट की तरफ रुख कर लेते हैं, यह सोचकर कि "यह तो नेचुरल है, नुकसान नहीं करेगा।" लेकिन विज्ञान की नज़र से यह सोच अधूरी है।
बच्चों की हड्डी और जोड़ों के लिए ग्लूकोसामिन-कॉन्ड्रोइटिन सप्लीमेंट फायदेमंद हैं:
यह धारणा वयस्कों में इन सप्लीमेंट के प्रचलन को देखकर बनती है — अगर यह बड़ों के जोड़ों के लिए बिकता है, तो बच्चों के लिए भी ठीक होगा, ऐसा मान लिया जाता है।
ये सप्लीमेंट वयस्कों में कार्टिलेज हेल्थ पर स्टडी किए गए हैं, बच्चों में इस्तेमाल के लिए कोई सबूत नहीं है:
- ✅ग्लूकोसामिन-कॉन्ड्रोइटिन को लेकर हुई ज़्यादातर रिसर्च वयस्कों में घुटने के ऑस्टियोआर्थराइटिस (उम्र के साथ घिसने वाले जोड़) पर केंद्रित रही है
- ✅पीडियाट्रिक आबादी में इनकी सेफ्टी या फायदे को लेकर कोई ठोस क्लीनिकल स्टडी मौजूद नहीं है
- ✅Children's Minnesota और Montefiore जैसे बड़े बाल चिकित्सा संस्थान स्पष्ट रूप से कहते हैं कि बच्चों को यह सप्लीमेंट नहीं दिया जाना चाहिए, और इस्तेमाल से पहले डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए
- 💡सीधे शब्दों में: जो चीज़ वयस्कों के लिए बनाई और टेस्ट की गई है, उसे बिना सबूत बच्चों पर इस्तेमाल करना सही तरीका नहीं है।
वयस्कों में भी नतीजे उतने पक्के नहीं जितना माना जाता है
दिलचस्प बात यह है कि वयस्कों में भी ग्लूकोसामिन-कॉन्ड्रोइटिन को लेकर वैज्ञानिक राय उतनी सकारात्मक नहीं है जितना विज्ञापनों में दिखाया जाता है।
- मेटा-एनालिसिस में कॉन्ड्रोइटिन से दर्द व फंक्शन में कुछ सुधार, जबकि ग्लूकोसामिन से सिर्फ जकड़न में हल्का सुधार पाया गया
- इन दोनों के कॉम्बिनेशन को प्लेसिबो से बेहतर साबित करने के लिए पर्याप्त सबूत नहीं मिले
- American College of Rheumatology (ACR), American Academy of Orthopaedic Surgeons (AAOS) और OARSI जैसी प्रमुख संस्थाएं घुटने के ऑस्टियोआर्थराइटिस के इलाज में इनके इस्तेमाल की सलाह नहीं देतीं
अगर वयस्कों में, जिनके लिए यह सप्लीमेंट बनाया गया है, वहीं नतीजे इतने कमज़ोर हैं, तो बच्चों में इसके इस्तेमाल का कोई वैज्ञानिक आधार नहीं बनता — जिनकी हड्डी और कार्टिलेज की स्थिति वयस्कों से पूरी तरह अलग होती है।
बच्चों की हड्डी वयस्कों से अलग क्यों होती है
बच्चों की हड्डियों और जोड़ों में ग्रोथ प्लेट सक्रिय होती हैं, कार्टिलेज लगातार बन और बढ़ रही होती है। यह वयस्कों की उस स्थिति से बिल्कुल अलग है, जहां उम्र के साथ जोड़ों का कार्टिलेज घिसने लगता है (ऑस्टियोआर्थराइटिस)। ग्लूकोसामिन-कॉन्ड्रोइटिन सप्लीमेंट को इसी घिसाव को धीमा करने के इरादे से बनाया गया था — एक ऐसी समस्या जो सामान्य, स्वस्थ बच्चों में होती ही नहीं।
अगर बच्चे को जोड़ों में दर्द है तो असली वजह क्या हो सकती है
सप्लीमेंट देने की बजाय, बच्चे के जोड़ों के दर्द की सही वजह जानना कहीं ज़्यादा ज़रूरी है। आम कारणों में शामिल हैं:
- ग्रोइंग पेन्स — बच्चों में रात के समय पैरों या जोड़ों में होने वाला दर्द, जो अक्सर पूरी तरह सामान्य होता है
- विटामिन D की कमी — बच्चों में हड्डी व जोड़ों के दर्द का एक बेहद आम और आसानी से पकड़ में आने वाला कारण
- चोट या ओवरयूज़ — खेलकूद या गतिविधि से जुड़ी मामूली चोटें
- इंफेक्शन — जोड़ों में सूजन के साथ दर्द, बुखार के साथ हो तो तुरंत जांच ज़रूरी
- जुवेनाइल इडियोपैथिक आर्थराइटिस (JIA) — बच्चों में होने वाली एक ऑटोइम्यून स्थिति, जिसमें समय पर इलाज ज़रूरी है
- 💡अगर दर्द की असली वजह जाने बिना सिर्फ सप्लीमेंट देकर संतुष्ट हो जाया जाए, तो किसी गंभीर स्थिति के इलाज में देरी हो सकती है।
सुरक्षा से जुड़ी अतिरिक्त चिंताएं
- ज़्यादातर ग्लूकोसामिन सप्लीमेंट शेलफिश (झींगा, केकड़े के खोल) से बनाए जाते हैं — हालांकि इसमें एलर्जी पैदा करने वाला प्रोटीन नहीं होता, फिर भी सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है
- सप्लीमेंट्स दवाओं जितनी सख्ती से नियंत्रित नहीं होते, इसलिए क्वालिटी और मात्रा में भिन्नता हो सकती है
- बच्चों के लिए सही डोज़ तय ही नहीं है, क्योंकि इस पर कोई पीडियाट्रिक स्टडी हुई ही नहीं
निष्कर्ष
"नेचुरल" या "जोड़ों के लिए अच्छा" लिखा हुआ हर सप्लीमेंट बच्चों के लिए सुरक्षित या ज़रूरी नहीं होता। ग्लूकोसामिन-कॉन्ड्रोइटिन एक ऐसा उदाहरण है जो वयस्कों के घिसे हुए जोड़ों के लिए बनाया गया था, जिस पर वयस्कों में भी नतीजे मिले-जुले हैं, और बच्चों में जिसका न कोई सबूत है, न सुरक्षा डेटा। बच्चे के जोड़ों के दर्द को नज़रअंदाज़ करने या सप्लीमेंट से "ठीक" करने की कोशिश करने की बजाय, सही डायग्नोसिस के लिए डॉक्टर से मिलना सबसे सुरक्षित और सही कदम है।
अधिक जानकारी और व्यक्तिगत सलाह के लिए संपर्क करें: 370 Goyal Nagar Indore | 9111464959 | www.drgauravjain.com
संदर्भ
- Children's Minnesota — Glucosamine and Chondroitin Sulfate (https://www.childrensmn.org/educationmaterials/childrensmn/article/15823/glucosamine-and-chondroitin-sulfate/)
- The Children's Hospital at Montefiore — Glucosamine and Chondroitin (https://www.cham.org/health-library/article?id=aa59277spec)
- Cleveland Clinic — Glucosamine Chondroitin Supplement: Uses & Side Effects (https://my.clevelandclinic.org/health/drugs/19075-glucosamine-chondroitin-capsules-or-tablets)
- NCBI/PMC — Effectiveness and safety of glucosamine and chondroitin for the treatment of osteoarthritis: a meta-analysis of randomized controlled trials (https://www.ncbi.nlm.nih.gov/pmc/articles/PMC6035477/)
- NCBI/PMC — The Safety and Efficacy of Glucosamine and/or Chondroitin in Humans: A Systematic Review (https://pmc.ncbi.nlm.nih.gov/articles/PMC12250884/)
- Arthritis Foundation — Glucosamine, Chondroitin for Osteoarthritis Pain (https://www.arthritis.org/health-wellness/treatment/complementary-therapies/supplements-and-vitamins/glucosamine-chondroitin-osteoarthritis-pain)
नोट: यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है और यह किसी चिकित्सकीय सलाह का विकल्प नहीं है। बच्चे को कोई भी सप्लीमेंट देने से पहले, और जोड़ों के दर्द की स्थिति में हमेशा योग्य चिकित्सक से सलाह लें।
मिथकबनामतथ्य #बच्चोंकीहड्डी #ग्लूकोसामिन #PediatricOrthopedics #DrGauravJain #MythBustingMonday
Dr. Gaurav Jain Associate Professor of Orthopaedics, LNCT Medical College & Sewakunj Hospital, Indore Director, GDP Care Pediatric Orthopaedics & Clubfoot Specialist (Ponseti Technique) drgauravjain.com | contact@drgauravjain.com
Dr. Gaurav Jain